उम्र के साठवें पड़ाव के बाद भी सपनों को नई दिशा दी जा सकती है, इसका प्रेरक दृश्य शुक्रवार को देहरादून में देखने को मिला।
अंतारा सीनियर लिविंग की पुरुकुल स्थित कम्युनिटी से 62 वर्षीय राजेंद्र कुमार सिंगल और उनकी 61 वर्षीय पत्नी संगीता सिंगल को भारत से यूनाइटेड किंगडम तक की 16 हजार किलोमीटर लंबी ओवरलैंड यात्रा के लिए औपचारिक रूप से रवाना किया गया। अंतारा परिसर में सह-निवासियों, मित्रों और स्टाफ ने उन्हें झंडी दिखाकर विदाई दी।
सिंगल दंपती पहले गोरखपुर तक ड्राइव करेंगे, जहां से 13 अप्रैल को ‘रोड टू लंदन’ अभियान का आधिकारिक काफिला रवाना होगा। एडवेंचर्स ओवरलैंड द्वारा आयोजित इस अभियान में आठ अन्य दंपती भी अपनी कारों से शामिल होंगे। 65 दिनों की यात्रा में दंपति 20 देशों और 40 शहरों से गुजरेंगे।
राजेंद्र कुमार सिंगल नई दिल्ली व मुंबई में बड़े स्तर पर चार्टर्ड अकाउंटेंट रहे हैं। उन्होंने कहा कि वर्षों तक परिवार और काम की जिम्मेदारियों के बीच यह सपना पीछे छूटता रहा, लेकिन अंतारा में आकर महसूस हुआ कि 60 के बाद भी जीवन नई शुरुआत चाहता है। उन्होंने कहा कि यहां सक्रिय जीवनशैली व सकारात्मक वातावरण ने उन्हें अधूरे सपनों को पूरा करने का आत्मविश्वास दिया।
यात्रा से पहले दंपति ने अंतारा की इन-हाउस क्लिनिकल टीम के साथ विस्तृत स्वास्थ्य परीक्षण कराया। मेडिकल हिस्ट्री के आधार पर दवाइयों, प्रिस्क्रिप्शन और अंतरराष्ट्रीय यात्रा से जुड़ी सावधानियों की पूरी तैयारी की गई।
लगातार आठ से 10 घंटे ड्राइव की क्षमता विकसित करने के लिए योग अभ्यास बढ़ाया गया। संगीता सिंगल ने अपने लिए विशेष शाकाहारी भोजन योजना भी तैयार की है। संगीता सिंगल ने कहा कि अंतारा ने घर की तरह देखभाल से लेकर अंतरराष्ट्रीय संपर्कों के जरिए रास्ते में सहयोग का भरोसा देकर इस यात्रा को सहज बनाया।
देहरादून से गोरखपुर, फिर नेपाल सीमा के रास्ते आगे बढ़ते हुए काफिला चीन, कजाकिस्तान, उजबेकिस्तान, रूस, तुर्किए, बुलगारिया, सरेबिया, हंगरी, आस्ट्रिया, जर्मनी, बेल्जियम और फ्रांस होते हुए लंदन पहुंचेगा।
यात्रा में सिंगल दंपती अपनी बीएमडब्लू कार से रवाना हुए। अंतारा के रंगों से सजी कार जब परिसर से बाहर निकली तो उसके साथ यह संदेश भी रवाना हुआ कि उम्र चाहे जो हो, सपनों की सड़क हमेशा खुली रहती है।
यात्रा की झलक
- कुल दूरी: 16,000 किमी
- कुल अवधि: 65 दिन
- कुल देश: 20
- कुल शहर: 40
- प्रतिदिन औसत ड्राइव: 8 से 10 घंटे
- आधिकारिक शुरुआत: 13 अप्रैल, गोरखपुर
- अंतिम पड़ाव: लंदन
